डिब्रूगढ़। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित डिब्रूगढ़ दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए व्यापक और कड़े एहतियाती कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री की उपस्थिति में नम्रुप स्थित असम वैली फर्टिलाइज़र एंड केमिकल कंपनी लिमिटेड (एवीएफसीसीएल) के नए संयंत्र के मेगा फाउंडेशन स्टोन लेइंग समारोह का आयोजन किया जाना है। इस उच्चस्तरीय वीवीआईपी कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने जिले में सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को लेकर विशेष रणनीति तैयार की है।
ड्रोन और यूएवी के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध
सुरक्षा कारणों से डिब्रूगढ़ जिले में ड्रोन और अन्य मानवरहित हवाई वाहनों (यूएवी) के उड़ान, संचालन और उपयोग पर अस्थायी लेकिन पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट प्रांजल बरुआ द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जारी आदेश के अनुसार यह प्रतिबंध 20 दिसंबर 2025 को सुबह 6 बजे से 22 दिसंबर 2025 को शाम 6 बजे तक प्रभावी रहेगा।
आदेश के तहत जिले के कई संवेदनशील स्थानों के दो किलोमीटर के दायरे में किसी भी प्रकार की हवाई गतिविधि पूरी तरह निषिद्ध रहेगी। प्रतिबंधित क्षेत्रों में विशेष रूप से
नम्रुप स्थित एवीएफसीसीएल संयंत्र का कार्यक्रम स्थल और उससे जुड़ा हेलीपैड,
असम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, डिब्रूगढ़,
दुलियाजान ऑयल अस्पताल
शामिल हैं।
प्रशासन का स्पष्ट मानना है कि वीवीआईपी कार्यक्रम के दौरान किसी भी अनधिकृत हवाई गतिविधि से सुरक्षा को गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है।
मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर एडवाइजरी
प्रधानमंत्री के दौरे से पहले जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के उद्देश्य से 20 और 21 दिसंबर 2025 को मालवाहक वाहनों की आवाजाही को लेकर एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक एडवाइजरी जारी की गई है।
जिला आयुक्त कार्यालय, डिब्रूगढ़ के विकास शाखा द्वारा जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि इस उच्चस्तरीय कार्यक्रम के दौरान जिले में एक लाख से अधिक लोगों की आवाजाही होने की संभावना है। ऐसे में भारी मालवाहक वाहनों के संचालन से यातायात जाम, अव्यवस्था और सुरक्षा जोखिम बढ़ सकते हैं। इन्हीं संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने इन दो दिनों में मालवाहक वाहनों की आवाजाही से यथासंभव बचने की अपील की है।
व्यापारिक संगठनों से सहयोग की अपील
प्रशासन ने डिब्रूगढ़, चाबुआ, नाहरकटिया और नम्रुप के चैंबर्स ऑफ कॉमर्स से अनुरोध किया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में व्यापारियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के साथ समन्वय स्थापित करें और माल की ढुलाई की योजना पहले से बना लें। एडवाइजरी में स्पष्ट किया गया है कि इन तिथियों पर भारी वाहनों का संचालन सीमित रखने से यातायात व्यवस्था पर दबाव कम होगा और वीआईपी मूवमेंट में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी।
ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण कार्यक्रम
जिला प्रशासन के अनुसार नम्रुप में आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम न केवल डिब्रूगढ़ जिले बल्कि पूरे राज्य के लिए ऐतिहासिक और अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री के आगमन को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं और यातायात प्रबंधन को लेकर विशेष कार्ययोजना लागू की जा रही है।
आम जनता से अपील
अंत में जिला प्रशासन ने व्यापारिक संगठनों, ट्रांसपोर्ट ऑपरेटरों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे जारी दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करें तथा प्रधानमंत्री के डिब्रूगढ़ दौरे और एवीएफसीसीएल के मेगा कार्यक्रम को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सफल बनाने में प्रशासन का सहयोग करें।







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