नार्थ ईस्टर्न टी एसोसिएशन ने 40 साल की शानदार सेवा का जश्न मनाया - Rise Plus

NEWS

Rise Plus

असम का सबसे सक्रिय हिंदी डिजिटल मीडिया


Post Top Ad

नार्थ ईस्टर्न टी एसोसिएशन ने 40 साल की शानदार सेवा का जश्न मनाया

 


अमित नागोरी


नार्थ ईस्टर्न टी एसोसिएशन (नेटा ) ने हाल ही में 17 अक्टूबर  को गोलाघाट में अपने सभागार में असम के चाय उद्योग के लिए अपनी 40 साल की शानदार सेवा का जश्न मनाया। 9 जून 1981 सन को  नार्थ ईस्टर्न टी एसोसिएशन का गठन हुआ था जिसमे 11 चाय बागानों ने भाग लिया था । देखते देखते काफिला बढ़ा और आज उत्तर पूर्वांचल में 163 चाय कम्पनी इसके सदस्य है जो 102 मिलियन किलोग्राम के सामूहिक वार्षिक चायपत्ती का उत्पादन करती है । 

आयोजित सभा मे असम सरकार के कृषि मंत्री अतुल बोरा मुख्य अतिथि , सांसद कामख्या प्रसाद तासा विशिष्ट अतिथि और टी आर ए के संचालक डॉ ए के बरुवाह मौजूद थे । इस मौके पर नेटा के सभी पूर्व मृतक अध्यक्षों, उपाध्यक्षों को याद करते हुए दीया जलाकर और पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। साथ ही उनके जीवनसाथी को भी सम्मानित किया गया । इसके अलावा पूर्व अध्यक्षों एवं संस्थापक सदस्य को मोमेंटो प्रदान कर श्री बोरा तथा श्री तासा ने अभिनन्दन किया गया । 

 नेटा के वर्तमान अध्यक्ष सुनील जालान ने नेटा की उपलब्धियों और यहां तक पहुंचने में संस्थापक सदस्यों के योगदान के बारे में विस्तार से बताया। श्री बोरा और तासा ने सयुंक्त रूप से नेटा के 40 यशश्वी वर्षों के लोगो का अनावरण किया । 

मंत्री श्री बोरा ने चाय बागानों के सामने आने वाले उर्वरकों की कमी को रोकने के लिए अपने द्वारा किए गए उपायों से अवगत कराया।

उन्होंने वैकल्पिक फसल जैसे ताड़, बागवानी पर जोर दिया और अपने मंत्रालय से समर्थन का आश्वासन दिया। उन्होंने श्री तासा से दिल से अनुरोध किया कि वे चाय को भारत का राष्ट्रीय पेय घोषित करने का मामला उठाएं।

सांसद तासा ने कहा कि 2 साल बाद, असम चाय उद्योग 200 साल मनाएगा, इस प्रकार, सभी हितधारकों से असम चाय की महिमा को वापस लाने की अपील की, साथ ही गुणवत्ता चाय पर मंत्र के रूप में जोर दिया।

उन्होंने कहा कि सरकार और चाय कंपनियों का ध्यान प्रचार अभियान, टी लाउंज चेन आदि द्वारा घरेलू खपत बढ़ाने की ओर होना चाहिए।

उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि असम चाय के स्वास्थ्य लाभ और प्रतिरक्षा बढ़ाने वाले गुणों के कारण, कोविद -19 चाय बागानों के श्रमिकों के बीच कहर नहीं पैदा कर सका , जिसका वे दिन में कई बार सेवन करते हैं।

श्री बोरा और तासा ने असम चाय उद्योग में नेटा के योगदान की सराहना की।  उन्होंने गोलाघाट कॉमर्स कॉलेज के साथ चाय प्रबंधन पर स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम को आगे बढ़ाने में नेटा के दृष्टिकोण की प्रशंसा की, जिसने स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार का सृजन किया है।

 नेटा के सलाहकार विद्याानंद बरकाकोटी ने मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार को असम चाय उद्योग के लिए विभिन्न योजनाओं तथा महत्वता प्रदान करने हेतु धन्यवाद ज्ञापन किया है । 

इस मौके पर उपाध्यक्ष कमल जालान और सचिव मनीषा शर्मा के अलावा नेटा के सदस्य तथा चाय उद्योग से जड़ित लोगो की उपस्थिति रही । 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

नियमित रूप से WhatsApp पर हमारी खबर प्राप्त करने के लिए दिए गए 'SUBSCRIBE' बटन पर क्लिक करें