सम्मेलन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में बोले यूपी विधानसभा के अध्यक्ष
मारवाड़ी का मतलब है शौर्य, मारवाड़ी का मतलब है समाज की सेवा, मारवाड़ी का मतलब है अपने घर से कटौती कर दूसरे की सेवा करना, मारवाड़ी का मतलब है विश्वसनीयता, जिसे बरकरार रखना है। उक्त विचार हैं कानपुर से लगातार 9 बार विधायक तथा उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष सतीश महाना के, जो बतौर प्रधान अतिथि अखिल भारतवर्षीय मारवाड़ी सम्मेलन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी समिति की बैठक में पधारे थे। बैठक का आयोजन यूपी प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन के आतिथ्य में कानपुर में गत रविवार को किया गया था।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए सम्मेलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोवर्धन प्रसाद गाड़ोदिया ने कहा कि मारवाड़ी समाज की पहचान सेवा भावी के रूप में आदि काल से रही है। आज भी पूरे देश में मारवाड़ियों द्वारा भारी पैमाने पर सेवा कार्य किया जाता है। उन्होंने कहा कि हमारे समाज की जो भी संस्थाएं सेवा कार्य करती हैं, उन्हें अपने बैनर में नीचे 'मारवाड़ी समाज की एक संस्था' अवश्य लिखना चाहिए, ताकि समाज द्वारा की जा रही सेवा की जानकारी अन्य समाज के लोगों तक भी पहुंचे।
राष्ट्रीय महामंत्री संजय हरलालका ने बैठक की शुरुआत करते हुए विगत कार्यकलापों की जानकारी सबके समक्ष रखते हुए सामाजिक संगठनों में कार्यकर्ताओं की अवहेलना का मुद्दा उठाया तथा इस पर चिन्ता जाहिर की।
निवर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष सराफ ने कहा कि सम्मेलन पूरे भारत में विशाल रूप ले चुका है। भारतवर्ष में कुल लगभग 700 जिले हैं इनमें से हमें कम से कम 300 जिलों में अपनी पहुंच बनानी चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज सुधार के साथ-साथ हमें सेवा के क्षेत्र में भी कार्य करना होगा, जैसे लायंस क्लब ने आंख तो रोटरी क्लब ने पोलियो रोग को दूर करने के क्षेत्र में काम किया है।
इस मौके पर कर्नाटक प्रादेशिक अध्यक्ष डॉ. सुभाष अग्रवाल, बिहार अध्यक्ष युगल किशोर अग्रवाल, उत्तराखण्ड अध्यक्ष संतोष खेतान तथा महामंत्री संजय जाजोदिया, मध्य प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार संकलेचा, आंध्र प्रदेश अध्यक्ष चांदमल अग्रवाल तथा महामंत्री पोद्देश्वर पुरोहित, दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीपत भूतोडिया, बिहार प्रदेश के निवर्तमान अध्यक्ष महेश जालान, पूर्व अध्यक्ष सर्वश्री रमेश केजरीवाल, कमल नोपानी, निर्मल झुनझुनवाला, बिनोद तोदी, पूर्वोत्तर के पूर्व अध्यक्ष मधुसूदन सीकरिया, मध्यप्रदेश के पूर्व अध्यक्ष कमलेश नाहटा, उत्तराखण्ड के पूर्व अध्यक्ष रंजीत जालान, झारखंड के पूर्व अध्यक्ष भागचंद पोद्दार सहित डॉ. सावर धनानिया, पवन बंसल, श्रीमती सुषमा अग्रवाल, सहित अन्यों ने अपने-अपने विचार रखे।
समाज में फैल रही नई नई तरह की कुरीतियों पर सदस्यों ने चिंता व्यक्त करने के साथ ही इस विषय पर जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया गया। बैठक के दौरान उत्तराखंड में मारवाड़ी सम्मेलन के द्वारा बन रहे स्कूल के निर्माण में आंध्र प्रदेश की प्रादेशिक इकाई की तरफ से 51 हजार रुपये बतौर सहयोग प्रदान करने की भी घोषणा की गई।
बैठक में पूर्व राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष कैलाश पति तोदी, ओम प्रकाश प्रणव, चंडी प्रसाद डालमिया, ओम प्रकाश टिबडेवाल, मनोज चांदगोठिया, सज्जन बेरीवाला, श्याम सुंदर भरतिया, विष्णु शर्मा, विष्णु पोद्दार, प्रदीप केड़िया, सज्जन शर्मा, रमेश बजाज, राजेश कुमार पोद्दार, मनोज अग्रवाल, संदीप सेकसरिया, श्याम सुंदर टिबडेवाल सहित कानपुर प्रांत के भी अनेक सदस्य मौजूद थे।
बैठक के शुभारंभ में उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष श्री श्रीगोपाल तुलस्यान, महामंत्री टीकम चंद सेठिया, कोषाध्यक्ष आदित्य पोद्दार, संयोजक ओम प्रकाश अग्रवाल, प्रचार मंत्री विनीता अग्रवाल, संयुक्त महामंत्री प्रदीप केडिया, महेंद्र कुमार लड़िया ने पूरे देश से आये राष्ट्रीय-प्रादेशिक पदाधिकारियों एवं सदस्यों का माला-दुपट्टा तथा मेमेन्टो भेंट कर स्वागत किया। सर्वश्री रामकृष्ण जिंदल, कैलाश अग्रवाल,अशोक धनावत, राजेश अग्रवाल, अनिरुद्ध पोद्दार, धनपत जैन, बालकृष्ण देवड़ा आदि ने सभी का स्वागत किया। अंत में धन्यवाद ज्ञापन राष्ट्रीय महामंत्री श्री संजय हरलालका ने किया।








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