गुवाहाटी। विपक्ष पहले कांग्रेस और अपने सहयोगियों द्वारा शासित राज्यों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर नजर रखे फिर भाजपा शासित असम की बात करें। असम सरकार के संसदीय कार्य आदि मामलों के मंत्री और असम सरकार के प्रवक्ता पीयूष हजारिका ने असम विधानसभा बजट सत्र के पहले दिन के सदन की कार्यवाही के अंत में सोमवार को मीडिया को संबोधित करते हुए उपरोक्त बातें कहीं। विपक्ष आज पेट्रोल-डीजल व महंगाई को लेकर कार्य स्थगन का प्रस्ताव देते हुए सदन से वाकआउट किया था।
विधानसभा सत्र के पहले दिन राज्य में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर विधानसभा में विपक्षी सदस्यों के मुखर होने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए मंत्री हजारिका ने कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि अंतरराष्ट्रीय बाजार पर निर्भर करती है। मंत्री ने कहा कि भारत में सभी राज्य सरकारों द्वारा पिछले साल पेट्रोल-डीजल पर कोविड टैक्स लगाया गया था। ऐसे में कोरोना की स्थिति सामान्य होने पर असम पहला राज्य है जिसने सबसे पहले पेट्रोल और डीजल पर कोविड टैक्स को हटाया था।
कांग्रेस और उनके सहयोगी पार्टियों की राज्यों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को रेखांकित करते हुए मंत्री ने कहा कि आज की तारीख में मुंबई में पेट्रोल और डीजल की कीमत क्रमशः 107.20 रुपये और 97.29 रुपये है। अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी शासित राज्य दिल्ली में क्रमश: 101.19 रुपये पेट्रोल और 89.72 रुपये डीजल, कांग्रेस शासित राजस्थान के जयपुर में क्रमशः 108.03 रुपये पेट्रोल और 98.85 रुपये डीजल है। ममता बनर्जी शासित पश्चिम बंगाल के कोलकाता में पेट्रोल और डीजल की कीमत 101.35 रुपये और 92.81 रुपये है।
दूसरी ओर असम के गुवाहाटी शहर में पेट्रोल और डीजल की कीमत क्रमशः 96.98 रुपये और 89.05 रुपये है जो आज की तारीख में अन्य राज्यों की तुलना में कम है। आंकड़ों पर प्रकाश डालते हुए मंत्री हजारिका ने कहा, 'विपक्षी विधायकों से कहा जाए कि वे हमसे पूछताछ करने से पहले अपने सहयोगियों द्वारा शासित राज्यों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों को नियंत्रित करें।
उन्होंने यह भी खुलासा किया कि पिछले एक दशक में पेट्रोल डीजल के दाम किस दर पर बढ़े हैं। मंत्री ने कहा कि 1979 से 1986 तक पेट्रोल-डीजल के मूल्य में वृद्धि की दर 110 प्रतिशत थी, 1986 से 1993 तक यह 120 प्रतिशत, 1993 से 2000 तक 60 प्रतिशत, 2000 से 2007 के बीच 70 प्रतिशत, 2007 से 2014 तक 60 प्रतिशत, 2014 से 2021 तक सिर्फ 30 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है।
मंत्री ने कहा कि महंगाई की दर 2014 से 2021 के बीच सबसे कम रही है, जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में भाजपा की सरकार है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भाजपा सरकार के दिनों में सबसे कम वृद्धि हुई है, ऐसे मामलों में प्रतिशत के रूप में मंत्री ने विपक्षी दलों से जनता को गुमराह न करने का आग्रह किया।
दूसरी ओर विधानसभा के संचालन में किस परंपरा और नीति को प्राथमिकता दी जाएगी, इस सवाल के जवाब में मंत्री पीयूष हजारिका ने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष के आधार पर समय-समय पर परंपरा में नरमी आती है। मंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि अतीत की परंपरा के बजाय अध्यक्ष नीति के अनुसार विधानसभा चला सकते हैं, जिस स्थिति में विधायक उनसे प्रचलित परंपरा को व्यक्त कर सकते हैं लेकिन कोई भी यह शिकायत नहीं कर सकता कि उन्होंने गलती की है।
विधायक अखिल गोगोई के विधानसभा के कामकाज में सरकार का दखल होने के आरोप के बारे में पत्रकारों के सवाल के जवाब में मंत्री ने कहा कि गोगोई विधायक के रूप में नए हैं और विधानसभा की परंपराओं और नियमों से भलीभांति परिचित हुए बिना उनके लिए इस तरह की शिकायत करना गलत है। मंत्री ने विधायक के रूप में अखिल गोगोई से आग्रह किया कि वे कम से कम एक सत्र में भाग लें और विधानसभा की परंपराओं और नियमों को अच्छी तरह से जानें। (हि.स.)








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