रमेश मुन्दड़ा
होजाई: विविधता में एकता का प्रतीक बने होजाई जिले ने आज अपने दशम जिला दिवस पर धूमधाम से जश्न मनाया। सुबह 8:30 बजे श्रंंमत शंकरदेव नगर के कछारि मैदान से शुरू हुई भव्य सांस्कृतिक शोभायात्रा ने पूरे बरबहा क्षेत्र को उमंग से भर दिया। लगभग 3,000 से अधिक लोगों की सहभागिता वाली इस यात्रा में जिले की विभिन्न भाषाओं और जनजातियों की संस्कृति झलक उठी, जिसमें लोकनृत्य, पारंपरिक वेशभूषा और झांकीयां शामिल रहीं।प्रसिद्ध असमिया गायिका बरनाली कलिता की मौजूदगी ने शोभायात्रा को और आकर्षक बना दिया। जिला आयुक्त विद्युत विकास भगवती, होजाई विधायक रामकृष्ण घोष और लामडिंग के विधायक शिवू मिश्रा, सरकारी अधिवक्ता अमर ज्योति सेकिया, समाजसेवी हबीब मोहम्मद चौधरी, अर्जुन मजूमदार, अशोक केजरीवाल, मनवार हुसैन, अनूप कुमार देव पौर सभानेत्री चतुर्थी रानी विश्वास जैसे प्रमुख अतिथियों की उपस्थिति ने उत्साह दोगुना कर दिया। सरकारी विभागों द्वारा तैयार आकर्षक झंकीया ने परंपरा से आधुनिकता तक की यात्रा को दर्शाया, जिसमें नमघर-गुरुस्थान से लेकर विकास योजनाओं तक का चित्रण हुआ।दोपहर करीब 11 बजे कछारि मैदान में आयोजित मुख्य सभा राज्यकीय गीत से प्रारंभ हुई। जिला आयुक्त ने अपने आदरपूर्ण भाषण में जिले के गौरवशाली इतिहास से वर्तमान उपलब्धियों तक का प्रकाश डाला। सभा का एक प्रमुख क्षण रहा विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाले व्यक्तियों और नवयुवकों को सम्मान। विशेष आकर्षण के रूप में जिला प्रशासन द्वारा जारी "वैचित्र्य के मध्य एकता: हमारा होजाई" शीर्षक वाली कॉफी टेबल बुक का विमोचन हुआ, जो जिले की सांस्कृतिक धरोहर को संजोए रखेगा। बरनाली कलिता के मधुर गीतों और हजारों दर्शकों की मौजूदगी में समापन राष्ट्रगान पर हुआ, जो सामाजिक समरसता का अनुपम उदाहरण बना। उल्लेखयोग्य है की होजाई के विकास में उल्लेखनीय योगदान हेतु पांच विभूतियां जुगल किशोर केडिया, पंडित जीवन राम बर्मन, उमा फुकन, रहीम उद्दीन अहमद और सैयद अब्दुल सत्तार को मरणोपरांत सम्मानित किया गया। उनका सम्मान उनके परिवार के सदस्यों ने ग्रहण किया। उक्त कार्यक्रम की पूरे जिलावासियों ने प्रशंसा की।








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