-भविष्य में अधिक ऋण प्राप्त करने के लिए धन का विवेकपूर्ण करें उपयोग : सीएम
बिश्वनाथ (असम)। मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा ने रविवार को नियमित भुगतान करने वाले लाभार्थियों के लिए असम सूक्ष्म वित्त संस्थान राहत (एएमएफआईआर) योजना के दूसरे चरण की शुरुआत की। उन्होंने बिश्वनाथ में आयोजित एक कार्यक्रम में गोहपुर, बिहाली, सोतिया और बिश्वनाथ के 5024 लाभार्थियों को चेक सौंपे।
असम सूक्ष्म वित्त संस्थान राहत योजना के दूसरे चरण के तहत, बिश्वनाथ जिला में कुल 12 हजार ,590 प्रथम श्रेणी में लाभार्थियों को उनके चेक प्राप्त होंगे। योजना के इस चरण के दौरान नियमित रूप से ऋण का भुगतान करने वाले लाभान्वित होंगे। उन्हें 25 हजार रुपये का एकमुश्त प्रोत्साहन या बकाया राशि, जो भी कम हो, प्रदान किया जाएगा। यह उनके लिए अच्छा क्रेडिट अनुशासन बनाए रखने के लिए एक प्रोत्साहन है। इस योजना के तहत इस चरण के दौरान कुल 11 लाख महिलाओं को लाभ होगा।
मुख्यमंत्री ने लाभार्थियों से इन प्रोत्साहनों का विवेकपूर्ण उपयोग करने का आग्रह किया, ताकि उनके सिविल स्कोर में सुधार हो और वे भविष्य में और अधिक ऋण के लिए पात्र बन सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सूक्ष्म वित्त संस्थानों को ऋण आवेदकों को पुनर्भुगतान शर्तों के बारे में भी जागरूक करना चाहिए। उन्होंने बताया कि अगले महीने से एक नया पोर्टल खोला जाएगा, जहां वे महिला लाभार्थी जो अपने माइक्रोफाइनेंस ऋण का भुगतान करने में सक्षम नहीं हैं, वे अपना पंजीकरण करा सकेंगी और राज्य सरकार उन्हें अपना ऋण चुकाने में मदद करेगी।
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि बिश्वनाथ जिला में कई विकास योजनाएं लागू की जा रही हैं। बिहाली में एक इंजीनियरिंग कॉलेज और बिश्वनाथ में एक मेडिकल कॉलेज स्थापित होगा। उन्होंने कहा कि बिश्वनाथ घाट पर एक रोपवे परियोजना भी प्रस्तावित की गई है और 2022 के भीतर इसके पूरा होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार इस वर्ष कक्षा नौ के छात्रों को उनके संबंधित स्कूलों में बिना कहीं जाए जाति प्रमाण पत्र प्रदान करने के लिए कदम उठा रही है।
वित्त मंत्री अजंता नेउग, जल संसाधन मंत्री पीयूष हजारिका, सांसद पल्लब लोचन दास, विधायक और गोरुखुटी कृषि परियोजना की अध्यक्ष पद्म हजारिका, असम बीज निगम के अध्यक्ष प्रबीन हजारिका, विधायक प्रमोद बरठाकुर, रंजीत दत्ता, उत्पल बोरा, कृष्ण कमल तांती आदि इस मौके पर उपस्थित थे।
इसके पहले मुख्यमंत्री ने बिश्वनाथ में बामगांव वार्ड नंबर 4 मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र का उद्घाटन किया। उन्होंने वहां के बच्चों और आंगनबाडी कार्यकर्ताओं से बातचीत की। वहां मीडियाकर्मियों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि आदर्श आंगनबाडी केंद्र गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली माताओं के पर्याप्त पोषण को सुनिश्चित करने के साथ-साथ उनके प्रारंभिक चरणों में बच्चों के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने में सक्षम होगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार आने वाले कुछ वर्षों में राज्य में 10 हजार ऐसे नए आंगनबाड़ी केंद्र स्थापित करने जा रही है। (हि.स.)







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