ओम प्रकाश तिवारी व राजेश राठी
महात्मा गांधी की प्रतिमा के साथ स्वतन्त्रता सेनानी महानंद बारा स्मृति प्रवेश द्वार का अनावरण
लखीमपुर, 12 मार्च : उत्तर लखीमपुर शहर के खेलमाटी में स्थित 'सोवंशीरी सेवा आश्रम' की स्वर्ण जयंती वर्षगांठ के अवसर पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा को स्थापित कर उसका अनावरण किया गया। साथ ही साथ पूर्व विधायक एवं स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय महानंद बोरा की स्मृति मे निर्मित भव्य प्रवेश द्वार का भी अनावरण किया गया। इसके अलावा आज इस'सोवंशीरी सेवा आश्रम परिसर में पूर्व विधायक एवं स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय महानंद बोरा की स्मृति मे महानंदा बोरा मेमोरियल सोवंशीरी सेवा आश्रम पीजीटी इंस्टीट्यूट की आधारशिला रखी गई। इस अवसर पर सोवंशीरी सेवा आश्रम परिसर में एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया
समारोह कार्यक्रम के अनुसार सुबह 10 बजे स्वतंत्रता सेनानी सम्मेलन के राज्य स्तरीय उपाध्यक्ष भोलानाथ नगरिया, विश्व बरुआ, दांडी तामुली फुकन, लोतिफुल अहमद हुसैन, खगेश्वर दत्ता, तारक बाड़ा, डिम्बेश्वर हजारिका ने वृक्षारोपण कार्यक्रम के तहत सोवंशीरी सेवा आश्रम परिसर में कई वृक्ष लगाए ।सुबह 11.00 बजे असम के पूर्व शिक्षा मंत्री प्रेमाधर बोरा द्वारा झंडोत्तोलन करने के पश्चात 11 बजकर 10 मिनट पर सत्राधिकारी विष्णु देवगोस्वामी तथा मैत्री आश्रम की संचालिका चंपा पाटेर द्वारा दीपक प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण 101 वर्षीय वयोवृद्ध स्वतंत्रता सेनानी राधानंद बरा ने किया। तथा पूर्व विधायक एवं स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय महानंदबाड़ा की स्मृति मे निर्मित भव्य प्रवेश द्वार का अनावरण सुबह 11.30 बजे उत्तर लखीमपुर सरकारी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की सेवानिवृत्त प्राचार्या पद्मा शर्मा बरुआ ने किया। उसके पश्चात स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय महानंद बोरा की स्मृति मे महानंदा बोरा मेमोरियल सोवंशीरी सेवा आश्रम पीजीटी इंस्टीट्यूट के निर्माण का शिलान्यास लखीमपुर के कॉलेजिएट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के पूर्व प्राचार्य विनन्द्र चंद्र बड़गोहाई और टाउन उच्च विद्यालय के अवसर प्राप्त प्रधानाचार्य खगेश्वर दत्ता ने किया। दोपहर 12 बजे से स्वागत समिति के संयुक्त महासचिव प्रख्यात कवि कोच रुपज्योति दत्ता ने अपने कवि के अद्भुत छवि से उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर समारोह का मंच संचालन करते हुए सभासदों के समक्ष सभा के उद्देश्य की व्याख्या की । स्वागत समिति की बैठक की अध्यक्षता समाजसेवीका गोलापी बरा ने किया। शिक्षाविद खगेश्वर दत्ता ने समारोह में उद्घाटन भाषण तथा सोवंशीरी सेवा आश्रम के कार्यवाहक तथा स्वागत समिति के कार्यकारी अध्यक्ष पूर्णानंद बोरा ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। असम के पूर्व शिक्षा मंत्री प्रेमधर बोरा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे ।उन्होंने अपने संक्षिप्त भाषण में आम जनता की सेवा एवं शिक्षा के विकास हेतु इस सोवंशीरी सेवा आश्रम की स्थापना तथा स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व विधायक महानंद बोरा के गाथाओं को उपस्थित जन समुदाय के समक्ष बड़े ही रोचक ढंग से प्रस्तुत कर सभी को प्रभावित किया। सभा के खुली बैठक में लेखक पद्मा शर्मा बरुआ, शिक्षाविद् विनन्द्र चंद्र बारगोहाई ने भी जनता जनार्दन के लिए अति प्रिय और श्रद्धेय नेता पूर्व विधायक महानंद बरा की जनता जनार्दन के बारे में किए जाने वाले सोच विचार और उनके द्वारा जनता के लिए उत्थान मुल्क किए गए कार्यों एवं उनके धनात्मक सोच की प्रशंसा की। समारोह में असम साहित्य सभा के पूर्व प्रभारी अध्यक्ष विश्व बरुआ विशिष्ट अतिथि को रूप मे उपस्थित रहे। समारोह में 51 गणमान्य व्यक्तियों को उनके विभिन्न क्षेत्रों में किए गए कीर्तिमान के लिए फुलाम गमछा द्वारा सम्मानित किया गया।
इसके अलावा कई तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रम भी इस समारोह में प्रस्तुत किज गए। इन सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ
प्रसिद्ध कवि, उद्घोषक कोच रूपज्योति दत्ता ने कविता एवं भजनों के साथ आयोजित समारोह में स्वर्गीय स्वतंत्रता सेनानी महानंदा बारा की याद में एक स्वरचित कविता का पाठ कर उपस्थित समुदाय को मंत्रमुग्ध कर दिया। आज के इस समारोह में
पूर्व प्रदेश विधायक उत्पल दत्ता, वयोवृद्ध स्वतंत्रता सेनानी भोलानाथ नागरिया, समाजसेवी फणीधर बरुआ, विद्याधर गोहाई, लखीमपुर जिला वकील संघ के अध्यक्ष ढेवर गोहाई बरुआ, सचिव उत्तम फुकन, सपनाली दत्ता, दांडी तामुली फुकन, काननाथ फुकन, एप्पल हजारिका, सेवक हजारिका, मूर्तिकार तपन मालाकार, प्रेमधर बोरा, रीनारानी बोरा, दिनेश संगमई, बीना बोरा, गीता बोरा, यादव बोरा, दुल बोरा, जितिन बोरा, पंकज बोरा, जगत बराडको, सज्जाद हजारिका, उमेश देवरी, सग्यावी उपाध्याय, गंधराम देवरी, इंद्रमणि राजकुमार, पद्मेश्वर सुतिया, विभा हाथी काकटी, यादव बोरा, ज्योस्नरणी दत्ताबरुआ, बाबुल चंद्र सुतिया, दिलीप कुमार राय, नंदलाल बाजफर, अनुपा बोरा, परेलाल प्रसाद शर्मा, पद्मा दत्ता, जीतू सैकिया, साक्षी गोगोई, शबनम बेगम, जान शर्मा, फूलचंद दीवान, प्रदीप गोवाला आदि मौजूद थे। समारोह के अंत में स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व विधायक महानंद बोरा के पुत्र पूर्णानंद बरा ने उपस्थित लोगों को धन्यवाद ज्ञापन किया तथा स्वागत समिति की अध्यक्षा गोलापी बोरा के नेतृत्व में असम जातीय संगीत गाकर कार्यक्रम का समापन किया गया।







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