ओमप्रकाश तिवारी व राजेश राठी
इस वर्ष भारतीय स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आजादी का अमृत महोत्सव मनाया जा रहा है। आजादी के इस अमृत महोत्सव पर्व पर भारत सरकार ने स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त 2022 के लिए हर घर तिरंगा अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत भारतवर्ष के प्रत्येक घर पर तिरंगा 13 अगस्त से 15 अगस्त 2022 तक लहराया जाएगा । उल्लेखनीय है कि 22 जुलाई 1947 को तिरंगे को हमारे राष्ट्रीय ध्वज के रूप में अपनाया गया था। हर घर तिरंगा 13 अगस्त से 15 अगस्त 2022 के बीच लहराने का मुख्य उद्देश्य हर भारतीय का तिरंगा के साथ जुड़ाव गहरा होना है । हर घर तिरंगा अभियान भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भारत की स्वतंत्रता के 75 वर्ष को चिन्हित करने के लिए शुरू किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य हर भारतीय के दिलों में देशभक्ति की भावना जगाना और जनभागीदारी की भावना से आजादी का अमृत महोत्सव मनाना है ।
हर भारतीय के लिए तिरंगा उपलब्ध हो इसके लिए 1 अगस्त 2022 से भारतवर्ष के प्रत्येक डाकघर में तिरंगे की बिक्री शुरू हो गयी है। इसके अलावा राज्य सरकारों से झंडे की आपूर्ति और बिक्री के लिए विभिन्न हित धारकों के साथ करार किया है । भारत सरकार ने झंडे की आपूर्ति की प्रक्रिया को कारगर बनाने के लिए विभिन्न ई-कॉमर्स वेबसाइट और स्वयं सहायता समूह के साथ भी करार किया है । भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय ने एक वेबसाइट https://harghartiranga.com लॉन्च की है जहां कोई झंडा लगा सकता है और अपनी देशभक्ति दिखाने के लिए राष्ट्रीय झंडे के साथ सेल्फी भी पोस्ट कर सकता है। केंद्र सरकार ने देश भर में 25 करोड़ घरों पर स्वेच्छा से तिरंगा लहराने का लक्ष्य रखा है । प्राप्त आंकड़ों के अनुसार देश भर में लगभग 40 मिलियन ध्वज का भंडार है। वर्तमान में बाजार में विभिन्न आकारों के तिरंगे उपलब्ध हैं जो 10 रुपये से लेकर 500 रुपये तक के हैं ।
कैसे पा सकते हैं इस अभियान में शामिल होने का सर्टिफिकेट:
इस अभियान में भाग लेने के लिए सरकार ने एक वेबसाइट https://harghartiranga.com बनाई है ।आप इस वेबसाइट पर जाकर हर घर तिरंगा प्रमाण पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। इस वेबसाइट पर सर्टिफिकेट डाउनलोड करने के स्टेप बताए गए हैं। आपको यहां अपना नाम, मोबाइल नंबर दर्ज करके लोकेशन ऑन करनी होगी इसके बाद डाउनलोड या प्रिंट सर्टिफिकेट का ऑप्शन आ जाएगा।
तिरंगा लहराने से संबंधित मुख्य बातें :
इंडियन फ्लैग कोड 2002 के मुताबिक राष्ट्रीय ध्वज को केवल दिन में ही फहराने की अनुमति थी । शाम होने के साथ ही उसे उतार लिया जाता था । लेकिन केंद्र की मोदी सरकार ने हर घर तिरंगा अभियान के लिए फ्लैग कोड के नियमों में संशोधन कर किया जिसके मुताबिक अब दिन और रात दोनों में तिरंगा झंडा फहराया जा सकता है । इसके लिए 20 जुलाई 2022 को भारतीय झंडा संहिता 2002 में संशोधन किया गया है।
पॉलिस्टर के झंडे को मिली मंजूरी :
फ्लैग कोड में संशोधन कर सरकार ने पॉलिस्टर और मशीन से बने झंडे को भी मंजूरी दे दी है। इसके पहले केवल हाथ से बनाए गए कपास सूत और रेशमी खादी के झंडे को फहराने की अनुमति थी।
गाड़ियों पर तिरंगा लगाने का नियम:
इंडियन फ्लैग कोड के मुताबिक भारत के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, कैबिनेट मंत्री, राज्यपाल ,एमपी, एमएलए जैसे जनप्रतिनिधि सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के जज और विदेश में पोस्टेड हाई कमीशन या उनके समकक्ष के अधिकारी को ही अपनी गाड़ी पर झंडा लगाने की अनुमति होती है । इसके अलावे अपनी गाड़ियों पर तिरंगा झंडा लगाकर घूमने वाले लोगों को सजा भी हो सकती है ।
तिरंगे के साथ इन बातों की है सख्त मनाही है :
तिरंगे पर कुछ भी लिखा नहीं होना चाहिए । किसी भी दूसरे झंडे को राष्ट्रीय ध्वज से ऊंचा या बराबर नहीं फहराया जाना चाहिए। फटा हुआ या गंदा तिरंगा कभी नहीं फहराना चाहिए ,अगर फहराने के बाद भी फट जाए तो इसे उतार लेना चाहिए ।
तिरंगे को हमेशा पूरे आदर और जोश के साथ फहराया जाता है और धीरे-धीरे उतारा जाता है इसे कभी जमीन पर टच नहीं करना चाहिए ।
सन 2004 से मिली थी घरों पर तिरंगा फहराने की अनुमति:
सन 2004 में सुप्रीम कोर्ट में दाखिल एक याचिका के बाद से लोग लोग अपने घरों पर तिरंगा लगाने लगे। इसके पूर्व घरों पर तिरंगा फहराने की अनुमति नहीं थी इसके पहले केवल सरकारी कार्यालय और शिक्षण संस्थान आदि ही तिरंगा लगा सकते थे।







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