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अ.भा. मारवाड़ी सम्मेलन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की ऐतिहासिक बैठक

 


12 राज्यों से समाज के प्रतिनिधियों ने लिया भाग

मारवाड़ी समाज ने सबकुछ अपने पुरूषार्थ के बल पर हासिल किया है: विधायक सत्यनारायण शर्मा

रायपुर/छत्तीसगढ़। मारवाड़ी समाज इस देश की ताकत है, लोगों में दान-धर्म की भावना का पनपना हमारे समाज की ही देन है। मारवाड़ी समाज ने अपने पुरुषार्थ के बल पर सब कुछ प्राप्त किया है। हमारा समाज किसी के रहमोकरम का मोहताज कभी नहीं रहा बल्कि अपनी कर्मठता, कार्य कुशलता, क्षमता के बल पर आगे बढ़ा है। उक्त कथन है पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा छत्तीसगढ़ से सातवीं बार विधायक चुने गये श्री सत्यनारायण शर्मा का, जिन्होंने छत्तीसगढ़ प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन के आतिथ्य में रायपुर में आयोजित अखिल भारतवर्षीय मारवाड़ी सम्मेलन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में बतौर मुख्य अतिथि उक्त बातें कहीं।


सम्मेलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री गोवर्धन प्रसाद गाड़ोदिया ने कहा कि मारवाड़ी समाज के लोगों ने चर्तुदिक सफलता का परचम लहराया है। सबसे बड़ी बात है कि हमारी युवा पीढ़ी नित नये मुकाम हासिल कर रही है। साथ ही उन्होंने समाज में पुरानी के साथ-साथ नित नई पनप रही कुरीतियों पर गहरी चिन्ता व्यक्त करते हुए कहा कि हमारे समाज में सम्बन्ध विच्छेद एक बहुत बड़ी समस्या के रूप में उभर कर सामने आ रहा है। घर के बुजुर्गों की अवहेलना तथा उनके मान-सम्मान में कमी समाज को पतन की ओर ले जा रहा है। हम सबको मिलकर इस दिशा में ठोस एवं सार्थक कदम उठाने होंगे, लोगों को जागरूक करना होगा। 


निवर्तमान अध्यक्ष श्री संतोष सराफ ने कहा कि आज सम्मेलन में सदस्य सभी विषयों पर खुलकर चर्चा कर रहे हैं, यह सम्मेलन की बढ़ती सार्थकता है। एक समय था जब सिर्फ समाज सुधार पर बातें होती थीं, आज समाज सेवा की भी बात होने लगी है। अब हमें पुरानी बातों की बजाय समाज में पनप रही नई कुरीतियों पर विचार करना चाहिए।


राष्ट्रीय महामंत्री श्री संजय हरलालका ने विगत दिनों के कार्यकलापों का संक्षिप्त विवरण प्रस्तुत किया। साथ ही कहा कि पूरे देश में मात्र सम्मेलन की एक मात्र ऐसी संस्था है, जिस पर किसी समाज को गहरा विश्वास है। तभी तो कहीं भी समाज पर संकट आता है तो लोग सम्मेलन की ओर आशा भरी नजरों से देखते हैं। सही मायने में कहा जाये तो सम्मेलन मेडिक्लेम की तरह है, जो संकट का सहारा भी है।


बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्षगण श्री पवन कुमार सुरेका (बिहार), श्री पवन कुमार गोयनका (दिल्ली), श्री अशोक जालान (उत्कल) सहित बिहार के प्रादेशिक अध्यक्ष श्री महेश जालान, पूर्वोत्तर के अध्यक्ष श्री ओम प्रकाश खण्डेलवाल, उत्कल के अध्यक्ष श्री गोविन्दराम अग्रवाल, दिल्ली के अध्यक्ष श्री लक्ष्मीपत भूतोड़िया, झारखण्ड के अध्यक्ष श्री बसन्त मित्तल, आन्ध्र प्रदेश के अध्यक्ष श्री चांदमल अग्रवाल, यूपी के अध्यक्ष श्री श्रीगोपाल तुलस्यान सहित अन्यों ने तलाक के पीछे लड़के-लड़कियों में इगो को प्रमुख कारण बताया। इसके अलावा डेस्टिनेशन मैरेज, लड़कों की शादी की समस्या, प्री वेडिंग शूट, पूल पार्टी आदि के बढ़ते चलन जैसे कई मुद्दों पर गहरी चिन्ता जाहिर की। बेंगलौर से आये श्री ओम प्रकाश पोद्दार, मप्र से श्री कमलेश नाहटा, उत्कल से श्री जगदीश गोलपुरिया, पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री श्री शिव कुमार लोहिया, पूर्व राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष श्री कैलाशपति तोदी, श्रीमती सुषमा अग्रवाल, श्री सत्यनारायण सिंघानिया, श्री पारसचन्द जैन, श्री लोकेश कबाड़िया, चैन्नई से पधारे श्री जगदीश प्रसाद शर्मा सहित अन्यों ने भी अपने विचार रखे। 


इसके पूर्व छत्तीसगढ़ प्रान्त के अध्यक्ष श्री पुरुषोत्तम सिंघानिया ने सबका स्वागत करते हुए कहा कि यह हमारे लिए अत्यन्त सौभाग्य की बात है कि हमें इस बैठक के आतिथ्य का भार देकर केन्द्र ने हमपर विश्वास जताया। प्रादेशिक महामंत्री श्री अमर बंसल (पार्षद) ने प्रांतीय गतिविधियों की संक्षिप्त रिपोर्ट रखते हुए कहा कि आखिर कब तक हम कुरीतियों पर सिर्फ चिन्तन करते रहेंगे। आज समय है एक्शन लेने का, जिससे कि समाज में पनपी बुराईयों पर अंकुश लगे। 


बैठक में आगामी सत्र के राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्वाचन के लिए एडवोकेट श्री नन्दलाल सिंघानिया को चुनाव अधिकारी नियुक्त किया गया। राष्ट्रीय संयुक्त महामंत्री श्री गोपाल अग्रवाल, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष श्री दामोदर प्रसाद बिदावतका के अलावा सर्वश्री जयदयाल अग्रवाल, विजय केडिया, पोडेश्वर पुरोहित, पवन कुमार जालान, सज्जन शर्मा, मनोज जैन, घनश्याम पोद्दार, रमेश कुमार बजाज, जयदीप मिन्नी, ओम प्रकाश प्रणव सहित काफी संख्या में पूरे देश से सदस्यों से उपस्थिति रही। धन्यवाद ज्ञापन श्री पुरुषोत्तम सिंघानिया ने किया। स्वागत है अभिनन्दन है, आप सभी की वन्दन है, स्वागत गीत के साथ प्रारम्भ हुई बैठक का राष्ट्रगान के साथ समापन हुआ।

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